मुंबई, महाराष्ट्र (UNA) : वॉल स्ट्रीट के विशेषज्ञों ने संकेत दिया है कि भारतीय शेयर बाजार कठिन साल के बाद जल्द ही सुधार की राह पर लौट सकते हैं। वैश्विक आर्थिक दबाव, मुद्रास्फीति और निर्यात में मंदी के बावजूद निवेशकों के बीच उम्मीद की भावना बढ़ रही है।
विश्लेषकों का मानना है कि भारतीय कंपनियों के मजबूत वित्तीय प्रदर्शन, चालू वित्तीय नीतियों में स्थिरता और विदेशी निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी से बाजार में सुधार संभव है। इसके अलावा, टेक्नोलॉजी और उपभोक्ता क्षेत्र में नई परियोजनाओं और निवेश से शेयर बाजार में तेजी आने की संभावना जताई जा रही है।
हालांकि विशेषज्ञ यह भी चेतावनी दे रहे हैं कि वैश्विक बाजार में अस्थिरता और मुद्रास्फीति के दबाव के चलते उतार-चढ़ाव जारी रह सकते हैं। निवेशकों को सतर्क रहने और दीर्घकालिक रणनीतियों पर ध्यान देने की सलाह दी जा रही है।
कुल मिलाकर, वॉल स्ट्रीट का अनुमान है कि 2026 में भारतीय बाजारों में सुधार की दिशा में सकारात्मक संकेत मिल सकते हैं, जिससे घरेलू और विदेशी निवेशकों के लिए अवसर पैदा होंगे। - UNA















